मोहम्मद शमी – भारत – रिकॉर्ड

Mohammed Shami Records

पूरा नाम – मोहम्मद शमी अहमद

जन्म – 3 सितंबर, 1990

प्रमुख टीमें – भारत, बंगाल, दिल्ली डेयरडेविल्स, भारत ‘ए’, कोलकाता नाइट राइडर्स

भूमिका – गेंदबाज

बल्लेबाजी की शैली – राइट-हैंड बैट

गेंदबाजी की शैली – राइट-आर्म तेज़-मध्यम

टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण (कैप 279) – 21 नवंबर 2013 बनाम वेस्टइंडीज

वनडे कैरियर की शुरुआत (कैप 195) – 6 जनवरी 2013 बनाम पाकिस्तान
वनडे शर्ट नंबर 11

टी 20 कैरियर की शुरुआत (टोपी 46) – 21 मार्च 2014 बनाम पाकिस्तान

Batting and fielding averages
Mat Runs HS Ave SR 100 50 4s 6s Ct
Tests 27 326 51* 14.81 77.06 0 1 32 14 6
ODIs 50 116 25 10.54 87.21 0 0 8 6 16
T20Is 7 0
First-class 48 613 51* 14.25 66.41 0 1 60 23 12
List A 79 289 26 9.96 98.29 0 0 24 15 28
T20s 61 58 21 5.8 98.3 0 0 5 2 11
Bowling averages
Mat Wkts BBI BBM Ave Econ SR 4w 5w 10
Tests 27 95 5/47 9/118 30.77 3.41 54 5 2 0
ODIs 50 91 4/35 4/35 25.37 5.48 27.7 6 0 0
T20Is 7 8 3/38 3/38 31.25 10.56 17.7 0 0 0
First-class 48 184 7/79 11/151 28.55 3.29 51.9 10 7 2
List A 79 145 4/25 4/25 23.97 5.28 27.2 10 0 0
T20s 61 65 4/24 4/24 25.61 8.14 18.8 1 0 0

भारत की तेज गेंदबाजी का प्रबल हमने विश्व कप 2015 में देखा, जिसमे उन्होंने 8 मैचों में 77 विकेट झटके थे। विश्व कप के बाद यह ज्ञात हुआ की भारत की तेज गेंदबाजी की कमान संभालने वाले मोहम्मद शमी ने ऑस्ट्रेलिया दौरा और विश्व कप टखने की चोट के साथ खेला था। उनकी सफलता का राज सटीक गेंदबाजी हैं। हालांकि , उन्होंने पूरे विश्व कप में नयी गेंदों से शुरुआत करी थी, लेकिन पुरानी गेंदों के साथ भी वो उतने ही प्रभावशाली हैं।

विश्व कप 2015 के बाद बिता एक वर्ष शमी के लिए काफी ज्यादा निराशाजनक रहा। टखने की चोट से उभरने के बाद भी चोटों का साया उन पर लगतार बना रहा जिसकी वजह से वह ऑस्ट्रेलिया दौरे और एशिया कप से बाहर हो गए। टी-20 विश्व कप में वापसी कर उन्होंने 15 की स्क्वाड में जगह तो बना ली , लेकिन गत वर्ष अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट से बहार रहने के कारण वो टीम का हिस्सा नहीं बन पाए।

 

उमेश यादव – भारत – रिकॉर्ड

 

उत्तर प्रदेश के शमी ने अपने प्रथम श्रेणी क्रिकेट का आगाज़ बंगाल की ओर से खेलते हुए किया। सिर्फ 15 प्रथम श्रेणी और 15 लिस्ट ए मैचों के अनुभव के साथ ही उन्हें पाकिस्तान के खिलाफ दिल्ली में खेले गए रोमांचक अंतर्राष्ट्रीय मैच में अपना पदार्पण करने का मौका मिला। अपने चयन को सही साबित कर शमी ने 4 मेडेन ओवर डालकर कसी हुई गेंदबाजी करी। अपने पहले ही मैच में यह कारनामा करने वाले वह दुनिया के आठवें और भारत के पहले गेंदबाज बनें। उसी वर्ष, शमी ने टेस्ट क्रिकेट में अपने पहले ही मैच के प्रदर्शन से अंतरास्ट्रीय क्रिकेट को अपना बना लिया। वेस्ट इंडीज के खिलाफ अपनी रिवर्स स्विंग की कला का भरपूर इस्तेमाल करते हुए ,उन्होंने अपनी पहली ही टेस्ट सीरीज में 11 विकेट झटके। 2014 के इंग्लैंड दौरे पर शमी ने कुछ क्षमता अपने बल्ले से भी दिखाई। नाटिंघम में खेले गए पहले टेस्ट मैच में, शमी ने नंबर 11 पर बल्लेबाजी करते हुए अर्ध शतक लगाया और भुवनेश्वर कुमार के साथ आखरी विकेट के लिए महत्वपूर्ण 111 रन जोड़े।

 

भुवनेश्वर कुमार – भारत – रिकॉर्ड

 

छोटे समय में ही अंतरास्ट्रीय स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन का श्रेय उनके रणजी ट्रॉफी सीजन को जाता हैं।उन्होंने, 2012-13 रणजी ट्रॉफी सीजन के 5 मैचों में 21.35 की औसत से 28 विकेट चटकाए, जिसमे हैदराबाद और मध्य प्रदेश के खिलाफ लिए 10-10 विकेट भी शामिल हैं। टी-20 की शुरुआत भी टेस्ट एवं एकदिवसीय की तरह ही हुई। घरेलु टी-20 शृंखला के 8 मैचों में 14 विकेट की प्रदर्शन की बदौलत उन्हें आईपीएल 2011 में कोलकत्ता नाइट राइडर्स के लिए चुना गया। हालांकि, उनका पहला आईपीएल मैच दिल्ली डेयरडेविल्स के लिए, 2013 में था। 2014 सीजन में भी दिल्ली की टीम से खेलने के बाद वह 2015 सीजन के लिए बाहर हो गए, लेकिन टीम का भरोसा जीतने के कारण उन्हें चोट के बावजूद टीम से बाहर नहीं किया गया। जिसकी वजह से 2016 में, शमी ने आईपीएल सीजन 9 दिल्ली के लिए ही खेला।

शुरुआती ज़िंदगी और पेशा

शमी मूलतः श्रीनगर (जम्मू और कश्मीर) से हैं।

उनके पिता तौसिफ अली एक किसान थे, जो अपने युवावस्था के दिनों में एक तेज गेंदबाज भी थे। शमी की एक बहन और तीन भाई हैं, जिनमें से सभी तेज गेंदबाज बनना चाहते थे। 2005 में तौसिफ ने शमी की गेंदबाजी क्षमता को पहचाना और उन्हें मोरादाबाद में क्रिकेट कोच बद्रुद्दीन सिद्दीकी के पास ले गए। सिद्दीकी उनके गांव से 22 किलोमीटर दूर रहते थे।

“जब मैंने पहली बार उसे एक 15 वर्षीय बच्चे के रूप में नेट पर बॉलिंग करते देखा, तो मुझे पता लग गया कि यह लड़का सामान्य नहीं है, इसलिए मैंने उसे प्रशिक्षित करने का फैसला किया। एक साल के लिए मैंने उसे यूपी क्रिकेट ट्रायल्स के लिए तैयार किया क्योंकि हमारे यहां क्लब क्रिकेट नहीं है। वह सहनशील, नियमित और बहुत मेहनती था। वह कभी भी प्रशिक्षण के लिए आना नहीं छोड़ता था। अंडर 19 ट्रायल के दौरान उसने वाकई अच्छी गेंदबाजी की, लेकिन राजनीति के कारण उसका चयन नहीं किया गया। उन्होंने मुझे अगले साल उसे लाने के लिए कहा, लेकिन उस वक्त मैं नहीं चाहता था कि शमी का एक साल बर्बाद हो जाय। इसलिए मैंने उसके माता-पिता से उसे कोलकाता भेजने की सलाह दी।”

– मोहम्मद शमी पर बद्रुद्दीन सिद्दीकी की टिप्पणी

 

इशांत शर्मा – भारत – रिकॉर्ड

 

शमी उत्तर प्रदेश अंडर 19 टीम में शामिल होने से चूक गए। बाद में बद्रुद्दीन ने उन्हें 2005 में कोलकाता भेजा। शमी ने डलहौजी एथलेटिक क्लब के लिए खेलना शुरू कर दिया। जब वह इस क्लब के लिए खेल रहे थे, तब उन्हें बंगाल क्रिकेट एसोसिएशन के एक पूर्व सहायक सचिव देबब्रत दास ने देखा और वह शमी की गेंदबाजी से प्रभावित हुए और 75,000 रुपये के अनुबंध के साथ टाउन क्लब नामक अपनी टीम में उन्हें शामिल कर लिया। दास ने शमी को अपने घर में रखा। शमी ने टाउन क्लब के लिए अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन बंगाल अंडर 22 टीम के लिए चयनित नहीं हो सके। दास एक चयनकर्ता समरबन बनर्जी के पास गए और उनसे शमी की गेंदबाजी देखने के लिए कहा। बनर्जी शमी की गेंदबाजी से प्रभावित हुए और उन्हें बंगाल अंडर 22 टीम के लिए चुन लिया।

“शमी को कभी पैसे नहीं चाहिए थे। उनका लक्ष्य स्टंप था, स्टंप को मारने से जो आवाज होती है, वह। जब से मैं उन्हें देख रहा हूँ, तबसे उनके अधिकांश विकेट बोल्ड के रूप में आते हैं। वह एक सीधी सीम के साथ ऑन साइड या स्टंप से बाहर जाती गेंद फेंकते हैं और उसे अंदर लाने में भी कामयाब होते हैं।”

– मोहम्मद शमी पर देबब्रत दास की टिप्पणी

बंगाल टीम के लिए चयनित होने के बाद दास ने शमी को मोहन बागान क्लब भेजा, जो बंगाल के शीर्ष क्लबों में से एक है। क्लब में शामिल होने के बाद, शमी ईडन गार्डन के नेट्स में सौरव गांगुली को गेंदबाजी कर सकते थे। गांगुली ने शमी के गेंदबाजी कौशल को देखा और चयनकर्ताओं को “उनकी विशेष देखभाल” करने के लिए कहा। इसके तुरंत बाद, शमी को 2010 में बंगाल रणजी टीम में चुन लिया गया था।

इंडियन प्रीमियर लीग

2011 में कोलकाता नाइट राइडर्स ने शमी को अपनी टीम में शामिल किया। उस समय टीम के कोच वसीम अकरम थे। उस संस्करण के कुछ ही मैचों में शमी ने हिस्सा लिया। इसके बाद फ्रेंचाइजी ने अगले दो वर्षों के लिए उन्हें रिटेन कर लिया। वह 2012 में खिताब जीतने वाली कोलकाता नाइट राइडर्स की टीम का हिस्सा थे।

2013 में शानदार टेस्ट पदार्पण करने के बाद 2014 संस्करण में दिल्ली डेयरडेविल्स ने उन्हें 4.25 करोड़ रुपए में खरीदा। इस संस्करण में वह कुछ ही मैच खेल सके और उनकी टीम का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। 2015 संस्करण में फ्रेंचाइजी ने उन्हें रिटेन कर लिया। उन्होंने बेहतरीन गति से गेंदबाज़ी करते हुए 140 किमी/घण्टे की औसत गति से गेंदबाज़ी की। उनकी सबसे तेज़ गेंद की रफ्तार 147.9 किमी/घण्टा रही।

 

मोहम्मद शमी के टेस्ट क्रिकेट में 5 विकेट प्रदर्शन:

# Figures Opponent Venue City Country Year
1 5/47 West Indies Eden Gardens Kolkata India 2013
2 5/112 Australia Sydney Cricket Ground Sydney Australia 2015

मोहम्मद शमी के एकदिवसीय क्रिकेट में 5 विकेट प्रदर्शन:

S No Opponent Venue Match Performance Result
1 West Indies Feroz Shah Kotla Ground, Delhi 9.3 Overs, 36 runs, 4 wickets India won by 48 runs
2 West Indies WACA Ground, Perth 8 overs, 35 runs 3 wickets India won by 4 wickets

One stop shop for WordPress & Hosting

Summary
Review Date
Reviewed Item
Mohammed Shami Records | Indian Cricket | Cricket in Hindi
Author Rating
51star1star1star1star1star

Leave a Response

share on: